सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला-धर्म गया तो जाति गई
उत्तराखंड: 27 MARCH 2026, आज शुक्रवार को देहरादून। सूत्रो के मुताबिक दिल्ली सुप्रीम कोर्ट ने एक ऐतिहासिक फैसले में स्पष्ट किया है कि…. कन्वर्ट के साथ ही खत्म हो जाएगा अनुसूचित जाति का दर्जा। हिंदू,सिख या बौद्ध धर्म छोड़कर ईसाई या इस्लाम धर्म अपनाने वाले व्यक्तियों को अनुसूचित जाति (SC) का आरक्षण व अन्य लाभ नहीं मिलेगा। जिसमेंजस्टिस पी.के. मिश्रा और एन.वी. अंजारी की बेंच ने फैसला सुनाया कि ईसाई मजहब में कन्वर्ट होने वाला दलित व्यक्ति अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम का लाभ नहीं ले सकेगा।जस्टिस पी.के. मिश्र और एन.वी. अंजारिया की पीठ ने कहा कि धर्मांतरण के साथ ही SC/ST का दर्जा स्वतः समाप्त हो जाता है।
इसका मतलब समझ आया ???
इसका मतलब है कि अब जो भी SC/ST समुदाय के लोग धर्मपरिवर्तन कर ईसाई या कटेशर बन जाते हैं ,उन्हें अब आरक्षण का लाभ तो नहीं ही मिलेगा..!
बल्कि,आरक्षण के साथ साथ वे उन्हें मिलने वाले अन्य लाभ जैसे कि SC/ST एक्ट आदि का भी प्रयोग नहीं कर पाएँगे।क्योंकि,धर्मपरिवर्तन के बाद वे SC/ST रह ही नहीं जाएंगे।हिंदू, सिख या बौद्ध धर्म अपनाने वाले ही अनुसूचित जाति का दर्जा प्राप्त कर सकते हैं।
ईसाई, इस्लाम आदि किसी अन्य मजहब में कन्वर्ट होने पर व्यक्ति अपना अनुसूचित जाति का दर्जा खो देगा, ये ऐतिहासिक फैसला है सुप्रीम कोर्ट का।
मेरी गारंटी है कि अगर आप सच में देशभक्त हैं तो ये समाचार सुनकर खुशी से उछल पड़ेंगे…।