उत्तराखंड: 10 FEB.2026, मंगलवार को देहरादून / राजधानी देहरादून स्थित प्राप्त जानकारी के मुताबिक सेलाकुई में ग्राफिक एरा अस्पताल एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गया है। सहारनपुर निवासी एक मरीज की इलाज के दौरान मौत होने का आरोप सामने आया है। परिजनों का कहना है कि अस्पताल प्रशासन ने मृतक का शव देने से इनकार कर दिया और करीब 2 लाख 37 हजार रुपये का बिल जमा करने की शर्त रखी।
परिजनों ने अस्पताल पर मनमानी और संवेदनहीनता का आरोप लगाते हुए कहा कि आर्थिक दबाव बनाकर शव रोककर रखा गया, जिससे परिवार गहरे सदमे और परेशानियों से गुजर रहा है। घटना के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों में आक्रोश देखने को मिला और मामले में कार्रवाई की मांग उठने लगी है।घटना की जानकारी मिलते ही परिजन और स्थानीय लोग मौके पर एकत्र हो गए और अस्पताल प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई। लोगों ने मामले में प्रशासनिक हस्तक्षेप और निष्पक्ष जांच की मांग की है।
वहीं, इस पूरे प्रकरण को लेकर स्वास्थ्य व्यवस्था और निजी अस्पतालों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। लोगों का कहना है कि इलाज के नाम पर भारी भरकम बिल और मरीजों के साथ अमानवीय व्यवहार की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं।
अब देखना होगा कि स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन इस मामले का कितना गंभीरता से संज्ञान लेते हैं और पीड़ित परिवार को न्याय मिल पाता है या नहीं। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल प्रशासन ने आर्थिक दबाव बनाते हुए शव को रोके रखा, जिससे परिवार को मानसिक और भावनात्मक रूप से गहरा आघात पहुंचा। उनका कहना है कि इस कठिन समय में अस्पताल का रवैया बेहद असंवेदनशील और अमानवीय रहा।
