उत्तराखंड: 11 Sep. 2026, देहरादून / राजधानी स्थित जनपद देहरादून में विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम अंतिम चरण में है। निर्वाचन आयोग के निर्देशों के क्रम में जनपद देहरादून में संचालित विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्य की जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने शुक्रवार को समीक्षा की। कलेक्ट्रेट सभागार में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ आयोजित बैठक में एसआईआर की प्रगति, मतदाताओं से संबंधित विसंगतियों, नो-मैपिंग प्रकरणों, जारी नोटिस, सुनवाई तथा दावे-आपत्तियों के निस्तारण की विधानसभा क्षेत्रवार समीक्षा की गई।
देहरादून जनपद के डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि एसआईआर के तहत प्रत्येक प्रकरण में भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित प्रक्रिया एवं दिशा-निर्देशों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि अभिलेखों एवं उपलब्ध दस्तावेजों का समुचित सत्यापन करने के बाद ही नियमानुसार निर्णय लिया जाए। किसी भी पात्र मतदाता का नाम अनावश्यक रूप से प्रभावित न हो, यह सुनिश्चित करने के लिए विशेष सतर्कता बरती जाए।
बैठक में बताया गया कि जनपद की 10 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में कुल 11,90,805 मतदाता हैं। इनमें वर्ष 2003 की मतदाता सूची से संबंधित विवरणों के सत्यापन के दौरान 3,95,772 विसंगति (एनोमली) तथा 1,52,170 नो-मैपिंग से संबंधित प्रकरण चिन्हित किए गए हैं। इन प्रकरणों में जांच एवं सुनवाई की प्रक्रिया के दौरान अब तक 29,929 मतदाता अपात्र पाए गए हैं।
देहरादून डीएम ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी प्रकरणों में निष्पक्षता एवं पारदर्शिता के साथ कार्यवाही की जाए। उन्होंने कहा कि राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ आवश्यक समन्वय बनाए रखते हुए निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप कार्यवाही पूरी की जाए। साथ ही, दावे एवं आपत्तियों के निस्तारण में निर्धारित प्रक्रिया का पूरी तरह पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
साथ ही इस बैठक में देहरादून जनपद के उप जिला निर्वाचन अधिकारी अभिनव शाह, निर्वाचन रजिस्ट्रीकरण अधिकारी रविन्द्र ज्वांठा, जिला निर्वाचन अधिकारी नरेन्द्र देवली सहित भारतीय जनता पार्टी के अरविंद जैन एवं उमा नरेश, सीपीआई (एम) के अनंत आकाश, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के जसविंदर सिंह एवं सुनील जायसवाल, बहुजन समाज पार्टी के भीमराव एवं सतेन्द्र चोपड़ा तथा आम आदमी पार्टी के कमल राणा उपस्थित रहे। जनपद के समस्त संबंधित निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ईआरओ) वर्चुअल माध्यम से बैठक में जुड़े।